गया (बिहार) — बिहार पुलिस के युवा और होनहार दारोगा अनुज कश्यप की मौत का राज आखिरकार खुल गया है। जांच में जो सच सामने आया, उसने पुलिस महकमे से लेकर आम लोगों तक को हिला कर रख दिया। मामला महज़ एक हादसा नहीं, बल्कि प्यार, जुनून और मानसिक टॉर्चर की खतरनाक कहानी है, जिसमें एक महिला दारोगा की दीवानगी ने एक जिंदगी खत्म कर दी।
बुलेट पर वर्दी और चेहरे पर मुस्कान
दारोगा अनुज कश्यप—युवा, स्मार्ट, ड्यूटी में परफेक्ट, और सोशल मीडिया सेल में हमेशा एक्टिव। उनके चेहरे की मुस्कान और वर्दी का जलवा लोगों को प्रभावित करता था। पत्नी दिल्ली में UPSC की तैयारी कर रही थी, खुद गया के एसएसपी ऑफिस में पोस्टेड थे। सब कुछ ठीक लग रहा था… लेकिन भीतर ही भीतर एक तूफ़ान चल रहा था, जिसका अंत इतना भयावह होगा, किसी ने सोचा भी नहीं था।
ट्रेनिंग के दिनों से शुरू हुआ रिश्ता
सूत्रों के मुताबिक, बेलागंज थाना की दारोगा स्वीटी कुमारी और अनुज कश्यप एक ही बैच में ट्रेनिंग कर चुके थे। दोस्ती कब मोहब्बत में बदली और मोहब्बत कब जुनून में—ये शायद खुद अनुज भी नहीं समझ पाए। शादी के बाद भी स्वीटी का लगाव और उम्मीदें खत्म नहीं हुईं।
“पत्नी को छोड़ दो… मुझे अपना लो”
अनुज की शादी हो चुकी थी, पत्नी गर्भवती थी। लेकिन पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि स्वीटी कुमारी लगातार शादी के लिए दबाव बना रही थी। आरोप है कि उसने साफ कह दिया—“अपनी पत्नी को छोड़ दो, मुझे अपना लो, मुझसे शादी करो… किसी भी हद तक जाऊंगी”।
इसमें सिर्फ प्यार नहीं, एक तरह का मेंटल टॉर्चर भी शामिल था, जिसे अनुज लंबे समय तक झेलते रहे।
सुसाइड से ठीक पहले आया था स्वीटी का कॉल
शनिवार को अनुज का शव रामपुर थाना अंतर्गत पुलिस लाइन स्थित किराए के मकान से मिला। परिवार ने बताया कि सुसाइड से पहले उनके मोबाइल पर स्वीटी का कॉल आया था। पिता भगवान मिश्रा का आरोप है—“स्वीटी ने मेरे बेटे का जीना दूभर कर दिया था, शादी के लिए इतना दबाव डाला कि वह टूट गया।”
एसआईटी की एंट्री और गिरफ्तारी
गया के एसएसपी ने विशेष जांच टीम (SIT) बनाई। पूछताछ और मोबाइल डेटा खंगालने के बाद पुलिस को पुख्ता सबूत मिले कि अनुज की खुदकुशी के पीछे स्वीटी कुमारी का दबाव और टॉर्चर अहम कारण था। आखिरकार पुलिस ने स्वीटी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
पुलिस की आधिकारिक पुष्टि
थानाध्यक्ष दिनेश कुमार सिंह ने बताया—“स्वीटी कुमारी पर दारोगा अनुज कश्यप को आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज है। जांच में आरोप की पुष्टि के बाद उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।”


