
नई दिल्ली
हमला और कार्रवाई की समयरेखा
22 अप्रैल 2025:
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम की बैसरन घाटी में आतंकियों ने हमला किया। इसमें 26 लोगों की मौत हुई — जिनमें 25 भारतीय और 1 नेपाली नागरिक थे।
22 मई 2025:
सुरक्षा एजेंसियों ने दाचीगाम क्षेत्र में ‘ऑपरेशन महादेव’ की शुरुआत की।
22 जुलाई 2025:
सटीक खुफिया सूचना के आधार पर तीनों आतंकियों को घेरा गया और मुठभेड़ में मार गिराया गया।
ऑपरेशन महादेव: ज़मीन पर सीधा और घातक प्रहार
मारे गए आतंकी:
- सुलेमान उर्फ फैसल जट्ट (लश्कर का ए-श्रेणी कमांडर)
- हमजा अफगान (प्रशिक्षित स्नाइपर)
- जिब्रान (स्थानीय समर्थनकर्ता)
यह कार्रवाई सेना की 4 पैरा यूनिट, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस की संयुक्त टीम ने की। इन तीनों को पहलगाम हमले का दोषी पाया गया। साक्ष्य, प्रत्यक्षदर्शियों और फॉरेंसिक रिपोर्टों से यह पुष्टि हुई।
ऑपरेशन सिंदूर: सीमा पार सटीक जवाब
गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में बताया कि ऑपरेशन सिंदूर भारत की सेना द्वारा पाकिस्तान सीमा के अंदर 100 किलोमीटर तक जाकर किया गया।
इस ऑपरेशन में:
- 9 आतंकी ठिकाने ध्वस्त किए गए
- 100 से अधिक आतंकवादी मारे गए
- भारत की ओर कोई नागरिक या सैनिक हताहत नहीं हुआ
इसके बाद पाकिस्तान की ओर से संघर्षविराम के लिए संपर्क किया गया।
प्रमाण और जांच
- NIA ने 1055 गवाहों से 3000 घंटे से अधिक पूछताछ की
- हथियारों की बैलिस्टिक जांच और डिजिटल सबूतों का उपयोग
- पहलगाम हमले के बाद आतंकियों को शरण देने वाले गिरफ्तार
- राइफलों, खोखों और शवों की पहचान ने केस को स्थापित किया
विपक्ष पर तीखा वार
गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में कहा:
“जब हमारे पास आतंकियों के पाकिस्तानी होने के ठोस सबूत हैं, तब भी विपक्ष सवाल खड़ा कर रहा है।”
प्रमुख सबूत:
- पाकिस्तानी वोटर आईडी
- पाकिस्तान निर्मित चॉकलेट
- वही राइफलें जो ऑपरेशन में मिलीं
मोदी सरकार का रिपोर्ट कार्ड (2014-2025)
| सूचकांक | 2004-2014 (पूर्व सरकार) | 2014-2025 (मोदी सरकार) |
|---|---|---|
| आतंकी घटनाएं | 7217 | 2150 (70% की कमी) |
| नागरिकों की मृत्यु | 1770 | 357 (80% की कमी) |
| सुरक्षाबलों की शहादत | 1060 | 542 |
| संगठित पत्थरबाज़ी | 2654 घटनाएं/वर्ष | 0 |
| संगठित हड़ताल | 132 दिन/वर्ष | 0 दिन |
| प्रतिबंधित आतंकी संगठन | सीमित | 20 से अधिक |
नीति बदलाव का असर
- आतंकियों के जनाज़े नहीं निकलते — उन्हें वहीं दफनाया जाता है
- आतंकी समर्थकों पर कड़ी कार्रवाई: पासपोर्ट और ठेके रद्द
- 75 से अधिक बर्खास्तियाँ सरकारी नौकरियों से
- 2260 UAPA केस, 374 संपत्तियां ज़ब्त
‘ऑपरेशन सिंदूर’ और ‘ऑपरेशन महादेव’ भारतीय सुरक्षा तंत्र की शक्ति, निर्णायक नेतृत्व और आतंकवाद के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति का सशक्त उदाहरण हैं।
“जो भी भारत की सीमा लांघेगा, मारा जाएगा। मोदी सरकार हर आतंकी हमले का जवाब देगी।”
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