
भागलपुर, 20 जुलाई 2025: बिहार की सियासत में शनिवार को उस समय नई चर्चा शुरू हो गई जब बिहार सरकार के सहकारिता मंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता डॉ. प्रेम कुमार ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार को राजनीति में आने का न्योता दिया। भागलपुर सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने यह बयान दिया, जो अब राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन चुका है।
“राजनीति में आएं निशांत कुमार, पढ़े-लिखे और योग्य युवक हैं” – प्रेम कुमार
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया से बात करते हुए मंत्री प्रेम कुमार ने कहा,
“अगर निशांत कुमार को राजनीति में आने की इच्छा है, तो उन्हें जरूर आना चाहिए। हम सब उनका स्वागत करेंगे। वह पढ़े-लिखे, गंभीर और योग्य युवक हैं। यदि वह राजनीति में कदम रखते हैं, तो यह जनसेवा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।”
जन्मदिन पर दी शुभकामनाएं
प्रेम कुमार ने मुख्यमंत्री के बेटे निशांत कुमार को उनके जन्मदिन पर शुभकामनाएं भी दीं। उन्होंने कहा कि एक शिक्षित युवा अगर राजनीति में आता है तो वह समाज के लिए बेहतर निर्णय और नीतियां बना सकता है।
राजनीति में प्रवेश की अटकलें फिर तेज
डॉ. प्रेम कुमार का यह बयान ऐसे समय में आया है जब लंबे समय से ये चर्चा चल रही है कि निशांत कुमार राजनीति में पदार्पण कर सकते हैं। हालांकि, निशांत अब तक राजनीति से दूरी बनाए रखते आए हैं और कई बार सार्वजनिक मंचों से यह कह चुके हैं कि उन्हें राजनीति में विशेष रुचि नहीं है।
लेकिन भाजपा के वरिष्ठ मंत्री द्वारा इस प्रकार की सार्वजनिक स्वीकृति और प्रोत्साहन को आगामी 2025 विधानसभा चुनावों के संदर्भ में देखा जा रहा है, जहां भाजपा और जदयू के गठबंधन को लेकर रणनीतिक विमर्श चल रहा है।
राजनीतिक संदेश और महत्त्व
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रेम कुमार का यह बयान सिर्फ एक जन्मदिन की बधाई नहीं, बल्कि राजनीतिक संकेत भी हो सकता है। इससे यह भी संकेत मिलता है कि भाजपा, जदयू के नेतृत्व को लेकर पूरी तरह से सहज और समन्वित है।
क्या राजनीति में उतरेंगे निशांत कुमार?
अब सबकी निगाहें इस पर टिकी हैं कि क्या निशांत कुमार आने वाले महीनों में सक्रिय राजनीति में कोई भूमिका निभाएंगे या फिर पूर्व की तरह ही खुद को इससे दूर रखेंगे। लेकिन प्रेम कुमार के इस बयान ने राजनीतिक हलकों में अटकलों को और हवा जरूर दे दी है।


