पटना/भागलपुर/बक्सर/मुंगेर, 21 जुलाई 2025।बिहार में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। रविवार सुबह से पटना, भागलपुर, हाजीपुर, मुंगेर और बक्सर जिलों में मूसलधार बारिश हो रही है, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। गंगा का जलस्तर कई जगहों पर खतरे के निशान को पार कर चुका है, और नदियों का कटाव भी तेज हो गया है।
भागलपुर: 11 घंटे से लगातार बारिश, थाना डूबा, दियारा की जमीन समाई
भागलपुर में शनिवार देर रात से लगातार 11 घंटे बारिश हो रही है।
- बौसी पुल पर पानी भर जाने से एक थार गाड़ी फंस गई जिसे ट्रैक्टर से बाहर निकाला गया।
- SBI कॉलोनी, मिरजान हाट और शिवपुरी कॉलोनी में 2 से 3 फीट तक पानी भर गया है।
- नाथनगर थाना परिसर पूरी तरह डूब गया है, यहां हाजत में बंद कैदी 3 फीट पानी में घंटों खड़े रहे।
- सबौर प्रखंड के चायचक दियारा की 5 बीघा जमीन गंगा में समा गई।
- बैरिया दियारा इलाका पूरी तरह जलमग्न हो गया है।
गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है। इसके कारण सिपाही भर्ती परीक्षा में शामिल होने आए उम्मीदवारों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
पटना: गंगा उफान पर, 78 स्कूल बंद
राजधानी पटना में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, खासकर दानापुर और हाथीदह में स्थिति गंभीर हो गई है।
- प्रशासन ने दियारा क्षेत्र के 78 स्कूलों को बंद करने का निर्णय लिया है।
- कई घाटों और निचले इलाकों में गंगा का पानी घुस चुका है।
बक्सर: बाढ़ से सड़कों का संपर्क टूटा
सिमरी प्रखंड में बाढ़ का पानी सड़क पर चढ़ आया है, जिससे
- दर्जनों गांवों का संपर्क मुख्य मार्ग से टूट गया है।
- उत्तर प्रदेश की ओर जाने वाले रूट भी प्रभावित हुए हैं।
- प्रशासन ने इन सड़कों को फिलहाल बंद कर दिया है।
मुंगेर: गंगा ने पार किया वार्निंग लेवल, कटाव तेज
मुंगेर में शनिवार रात से लगातार बारिश जारी है।
- सुबह 9 बजे गंगा ने 38.33 मीटर के वार्निंग लेवल को पार कर लिया।
- दियारा और निचले इलाके जलमग्न हैं।
- हेमजापुर (वार्ड 12) में तेज कटाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है।
हाजीपुर: नदियों के उफान से दहशत
हाजीपुर सहित आसपास के क्षेत्रों में भी भारी बारिश और जलजमाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
प्रभाव और चिंता
- कृषि पर संकट: गंगा और अन्य नदियों के जलस्तर में वृद्धि से दियारा क्षेत्र की फसलें नष्ट हो रही हैं।
- आवासीय संकट: निचले इलाकों के लोग घर छोड़कर उंचे स्थानों पर शरण लेने को मजबूर हैं।
- यात्रा बाधित: कई स्थानों पर सड़कें बंद और परिवहन अवरुद्ध है।
- संक्रमण का खतरा: जलजमाव से बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ गया है।
प्रशासन की अपील
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे
- नदी किनारे जाने से बचें,
- सावधानीपूर्वक यात्रा करें,
- और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन को सूचित करें।


