मनोज भारती कौन हैं? जिन्हें PK ने सौंप दी जन सुराज की कमान

पटना। चुनावी विश्लेषक प्रशांत किशोर (पीके) ने गांधी जयंती के मौके पर जन सुराज पार्टी की घोषणा कर दी है। इसी तरह, भारतीय विदेश सेवा के अधिकारी रह चुके मनोज भारती को जन सुराज की राजनीतिक कमान सौंपते हुए पीके ने दावा किया कि उनसे योग्य कोई दूसरा नहीं।

अब गुरुवार को नेतृत्व समिति की भी घोषणा हो जाएगी। भरी सभा में पीके ने दावा किया कि 2025 के चुनावी परिणाम की झलक विधानसभा की चार सीटों (रामगढ़, तरारी, बेलागंज, इमामगंज) पर होने वाले उप चुनाव में ही दिख जाएगी।

मार्च तक मनोज रहेंगे कार्यकारी अध्यक्ष

मनोज भारती को जन सुराज का कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया है। बता दें कि जमुई की प्राथमिक पाठशाला के बाद नेतरहाट से स्कूली शिक्षा पाने वाले मनोज भारती ने आइआइटी कानपुर से बीटेक करने के बाद आईआईटी दिल्ली से एमटेक की डिग्री ली है।

उसके बाद वे भारतीय विदेश सेवा के लिए चयनित हुए। चार देशों में राजदूत रहे। मूलत: मधुबनी के रहने वाले हैं और पिछले दो वर्षों से जन सुराज के लिए बिहार में सक्रिय हैं। वे सर्वसम्मति से पार्टी का पहला अध्यक्ष चुने गए हैं।

एक साल का होगा कार्यकाल

हालांकि, मार्च तक वे कार्यकारी अध्यक्ष रहेंगे। सांगठनिक चुनाव के बाद वे नियमित होंगे। जन सुराज में अध्यक्ष कार्यकाल एक वर्ष का होगा। इस तरह विधानसभा के चुनाव तक मनोज भारती पद पर बने रहेंगे।

अध्यक्ष के अलावा नीतिगत निर्णय लेने लिए नेतृत्व समिति होगी, जिसका कार्यकाल दो वर्ष का होगा। विधानसभा क्षेत्रवार चुनाव लड़ने के इच्छुक पांच-छह लोगों का नाम मार्च से पहले सार्वजनिक कर दिया जाएगा। जन-सहमति से उनमें से चयनित एक व्यक्ति को जन सुराज प्रत्याशी बनाएगा।

मनोज बेलारूस, इंडोनेशिया, यूक्रेन और तिमोर-लेस्ते में भारत के राजदूत रह चुके हैं। मनोज मधुबनी जिला के झंझारपुर के नवटोली पंचायत के रहने वाले हैं।

 

  • ये भी पढ़े..

    बीड़ी और खनन श्रमिकों के बच्चों के लिए बड़ी राहत, केंद्र सरकार दे रही 1,000 से 25,000 रुपये तक की छात्रवृत्ति

    Share Add as a preferred…

    पीएम सूर्य घर योजना में बिहार का राष्ट्रीय स्तर पर जलवा, सरकारी भवनों के सौर ऊर्जाकरण के लिए मिला प्रतिष्ठित सम्मान

    Share Add as a preferred…