पटना, 13 जुलाई 2025।पाटलिपुत्र खेल परिसर, कंकड़बाग में चार दिवसीय ‘91वीं बिहार स्टेट जूनियर एंड सीनियर एथलेटिक्स चैम्पियनशिप 2025’ का आज शानदार समापन हो गया। यह प्रतियोगिता 10 से 13 जुलाई तक बिहार राज्य खेल प्राधिकरण और बिहार एथलेटिक्स एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई थी, जिसमें राज्यभर के 2500 से अधिक प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
समापन समारोह में बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी रविन्द्रण शंकरण, निदेशक रविंद्र नाथ चौधरी, पूर्व निदेशक संजय कुमार सिन्हा, उप निदेशक हिमांशु सिंह, क्रीड़ा कार्यपालक आनंदी कुमार, मोहम्मद हारून, मोनूकांत और बिहार एथलेटिक्स एसोसिएशन के सचिव लियाकत अली तथा टूर्नामेंट मैनेजर एएम ई शम्सी ने खिलाड़ियों को पदक देकर सम्मानित किया।
प्रतियोगिता के मुख्य आकर्षण और विजेता:
100 मीटर दौड़
- पुरुष वर्ग: कुश कुमार (भागलपुर) ने स्वर्ण पदक जीता।
- अंडर-23 बालक: विभास्कर कुमार (सारण) प्रथम रहे।
- अंडर-20 बालिका: उम्मे हबीबा (पटना) ने स्वर्ण पदक हासिल किया।
- अंडर-18 बालिका: प्रियांशी (पटना) शीर्ष पर रहीं।
400 मीटर दौड़
- पुरुष वर्ग: विक्की चौरसिया (पूर्वी चंपारण) विजेता रहे।
- अंडर-18 बालिका: खुशी कुमारी (भागलपुर) ने पहला स्थान प्राप्त किया।
भाला फेंक
- पुरुष वर्ग: अरुण मोदी (जमुई)
- महिला वर्ग: अंजली कुमारी (जमुई)
3000 मीटर स्टीपलचेस दौड़
- पुरुष वर्ग: प्रिंस (पटना)
- अंडर-23 बालक: पंकज कुमार (सिवान)
- अंडर-20 बालिका: आँचल कुमारी (गोपालगंज)
800 मीटर दौड़
- पुरुष वर्ग: आनन्द प्रकाश (पटना)
- महिला वर्ग: फूल कुमारी (सीतामढ़ी)
- अंडर-23 बालिका: बेबी कुमारी (समस्तीपुर)
10 किलोमीटर दौड़
- पुरुष वर्ग: मोहम्मद गुलशेर आलम (अररिया)
- महिला वर्ग: सोनी प्रिया (भागलपुर)
कुछ अन्य प्रमुख विजेता:
- ट्रिपल जम्प (अंडर-23): आदित्य राज (पटना)
- ऊंची कूद (अंडर-20 बालक): छोटू कुमार (रोहतास)
- शॉट पुट (अंडर-18 बालक): देव कुमार (गया)
- लंबी कूद (अंडर-23 बालक): शिशुपाल पांडेय (भागलपुर)
- चक्का फेंक (महिला वर्ग): अंजली कुमारी (जमुई)
प्रतियोगिता में विविधता और प्रतिस्पर्धा की झलक
प्रतियोगिता में बिहार के लगभग सभी जिलों के खिलाड़ियों ने भाग लिया। लड़कियों की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही, विशेषकर अंडर-18 और अंडर-20 वर्ग में पटना, गया, भागलपुर, पूर्णिया और कैमूर की बेटियों ने शानदार प्रदर्शन किया।
बिहार के ग्रामीण और दूरदराज़ जिलों से आए खिलाड़ियों का प्रदर्शन यह दर्शाता है कि राज्य के खेल क्षेत्र में गहराई से प्रतिभाएं मौजूद हैं, जिन्हें उचित प्रशिक्षण और मंच मिलने पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया जा सकता है।
खेल अधिकारियों की भूमिका सराहनीय
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण और एथलेटिक्स एसोसिएशन के समन्वय और खिलाड़ियों के उत्साहवर्धन के लिए अधिकारियों की उपस्थिति और सक्रियता बेहद सराहनीय रही। खिलाड़ियों को पुरस्कार वितरण के साथ-साथ प्रोत्साहन और मार्गदर्शन भी मिला।
91वीं एथलेटिक्स चैम्पियनशिप ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बिहार खेलों की भूमि है। इस आयोजन ने राज्य में एथलेटिक्स संस्कृति को नई ऊर्जा दी है और भविष्य के कई संभावित राष्ट्रीय-स्तरीय खिलाड़ियों को सामने लाने का मार्ग प्रशस्त किया है।


